आईएसआई ने दी ट्रेनिंग

आईएसआई ने दी अलकायदा को ट्रेनिंग


पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने एक थिंक टैंक काउंसिल ऑन फ़ॉरेन रिलेशंस के एक कार्यक्रम में स्वीकार किया कि पाकिस्तानी सेना और देश की खुफ़िया एजेंसी आईएसआई ने चरमपंथी गुट अल-कायदा को ट्रेनिंग दी थी। इमरान खान ने ये भी कहा कि पाकिस्तान ने अफगानिस्तान में सोवियत फ़ौज से लड़ने के लिए चरमपंथी गुटों को तैयार किया था। उन्होंने साथ ही कहा कि पाकिस्तान ने 9/11 के हमले के बाद अमरीका का साथ देकर बहुत बड़ी गलती की। उसके बाद इमरान ने 80 के दशक की परिस्थितियों की चर्चा करते हुए कहा, 1980 में सोवियत संघ ने अफ़ग़ानिस्तान पर आक्रमण किया तो पाकिस्तान ने अमरीका के साथ मिलकर प्रतिरोध किया था। पाकिस्तान की आईएसआई ट्रेनिंग में दुनिया भर से बुलाए गए चरमपंथियों को ट्रेनिंग दी गई। इन लोगों को सोवियत संघ के ख़िलाफ़ जिहाद करने के लिए तैयार किया गया। इस तरह से हमने चरमपंथियों के समूह को तैयार किया। उन्होंने कहा कि इसके बाद 1989 में जब सोवियत सेना अफ़गानिस्तान से निकल गई और अमरीका पाकिस्तान से चला गया तो पाकिस्तान में ये जिहादी गुट रह गए, और 9/11 के बाद पाकिस्तान ने एक बार फिर आतंक के विरूद्ध लड़ाई में अमरीका का साथ दिया।